श्री सूक्त अनुष्ठान

Availability :
Yes
Travel Charge :
Free
Description :
मां लक्ष्मी की अनुकम्पा के बगैर दुनिया का कोई लौकिक कारोबार सम्भव नहीं है. इनकी उपासना की अनेको विधियाँ हैं लेकिन सर्वश्रेष्ठ विधि वैदिक सूक्त से उनकी पूजा का ही है. वैदिक मन्त्रों में ऋषियों के तप का बल है इसलिए इनसे देवी जल्द प्रसन्न होती हैं . ऋग्वेद के दो सूक्त श्री सूक्त और पुरुष सूक्त सर्व प्रसिद्ध हैं जिनका उपयोग सभी बड़े अनुष्ठानों में होता है . भगवान लक्ष्मी पति विष्णु का अभिषेक और पूजन बगैर पुरुष सूक्त के सम्भव नहीं है उसी तरह लक्ष्मी पूजन बगैर श्री सूक्त के सम्भव नहीं है . ऐसा शास्त्रों का कहना है कि श्री सूक्त से छह महीने यदि देवी लक्ष्मी की विधि पूर्व पूजा कर ली जाय तो वे उसके घर में सदैव के लिए स्थिर हो जाती हैं . श्री सूक्त से देवी लक्ष्मी पूजा की विधि का पूर्ण वर्णन किया जा रहा है
Rs. 2500.00